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5 आविष्कार जिसने दुनिया बदल दी | 5 inventions that changed the world in hindi

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अद्भुत अविष्कार, invention that transformed the world, [invention that transformed the world], दुनिया को बदल देने वाले अविष्कार

दुनिया में आजतक कई तरह के आविष्कार हुए है, जिन्होंने हम लोगों की ज़िन्दगी को काफी प्रभावित किया है | नए-नए आविष्कारों की मदद से हमारा जीवन काफी ज्यादा आसान हो गया है | आज हर एक काम को करने के लिए हमारे पास अलग-अलग साधन मौजूद है, जिनकीं मदद से हमारे सारे काम काफी कम समय में पूरे हो जाते है | महान वैज्ञानिकों के बहतरीन से बहतरीन आविष्कारों के इस्तेमाल से आज हमारी दुनिया काफी तेज़ी से तरक्की के राह पर आगे बढ़ रही है |

मगर क्या आपको मालूम है उन कुछ खास आविष्कारों के बारे में जिन्होंने पूरी मानव जाति की काया को ही पलट कर रख दिया, और कैसे उनके इस्तेमाल से हमारा जीवन हमेशा के लिए बदल गया? अगर नही तो आइए आज हम जानते है, वैसे ही कुछ खास आविष्कारों के बारे में जिनकी बदौलत मानव जाति ने असीम सफलता हासिल की|  

1 : Wheel (पहिया) 

यह कहना गलत नहीं होगा की, पहिया आजतक के सबसे उपयोगी invention में से एक है | इसकी मदद से भारी से भारी चीजों को एक जगह से दूसरी जगह ले जाना काफी ज्यादा आसान हो गया | इसकी बनावट मानव इतिहास के सबसे महत्वपूर्ण खोजों में से एक है | इसके बिना आज किसी भी चलने वाली वस्तु की कल्पना करना भी असंभव सा लगता है |

wheel in the field

पहिये के आविष्कार का स्थान और समय आज भी स्पष्ट नहीं है | क्योंकि कोई भी पुरातात्विक संकेत इसके पहली बार निर्माण और इस्तेमाल किए जाने की पुख्ता जानकारी प्रदान नहीं करते | आज पुरातत्वविदों द्वारा “मेसोपोटामिया सभ्यता” को पहिये के आविष्कार का श्रेय दिया जाता है | हालाँकि ठोस लकड़ी से बने पहियों का ईजाद देर से “नवपाषाण काल” के दौरान हुआ था | और कांस्य युग के दौरान इसमें और भी तकनीकी विकास देखने को मिला, जिसने आज के आधुनिक पहियों की नींव रखी |

2 : Paper (कागज़)    

कागज का ईजाद दूसरी शताब्दी के दौरान चीन में हुआ था | इसके बनने से पहले शब्दों और वाक्यों को साधारण तौर पर पत्तों और जानवरों की हड्डियों पर लिखा जाता था | या फिर इन्हें कांस्य की वस्तुओं पर डाला जाता था | बाद में इन्हें बांस की पट्टियों पर लिखा जाने लगा, जो की काफी ज्यादा भारी हो जाया करती थी | या फिर रेशम के कपड़ो पर लिखी जाने लगी, मगर महेंगी होने के कारण इसे खरीदना सबके बस की बात नही थी |

paper inventions

मगर “हान वंश” के दौरान हुए कागज के ईजाद से इन सारी समस्याओं का अंत हो गया | अब इस पर किसी भी लेख को आसानी से लिखा और संभाला जा सकता था | साथ ही ज्यादा महंगा ना होने के कारण इसकी पहुंच सभी लोगों तक थी | अब इसकी मदद से हल्की किताबों को बनाना और अभिलेखों को जमा करना काफी सरल हो गया | खास बात यह है कि, यूरोप में इस invention तकनीक को 11th शताब्दी के बाद अपनाया गया और उस समय तक वहां जानवरों के खाल का ही इस्तेमाल किया जाता था |  

3 : Printing press (छापाखाना)  

इस invention तकनीक का ईजाद 1040 A.D. के दौरान चीन में “सोंग वंश” के समय कारीगर और आविष्कारक “B Shing” के द्वारा किया गया था | इस बात का उल्लेख एक चीनी विद्वान “Shen Kuo” द्वारा लिखी किताब “Dream Pool Essays” में किया गया है, जिसे उन्होंने 1080 A.D. के दौरान लिखा था | हालांकि लकड़ी का लट्ठों द्वारा की जाने वाली छपाई की तकनीक पहले से ही इस्तेमाल में थी, मगर “B Shing” ने एक अलग तरह की  छपाई मशीन का ईजाद किया, जिसे कही लाना और कहीं ले जाना भी काफी ज्यादा आसान था |

printing press machine

इस मशीन के ईजाद के काफी सदियों बाद यूरोप में “Johannes Gutenberg” द्वारा इसका धातुई संस्करण तैयार किया गया | अब किताबों को छापने का तरीका काफी ज्यादा सरल और तेज़ बन गया था, और अब कम समय में ज्यादा से ज्यादा खिताबों को छापा जा सकता था | इस आविष्कार की मदद से पूरी दुनिया में साहित्य और ज्ञान को फ़ैलाने में भी काफी ज्यादा मदद मिली | और इस प्रकार ज्यादा से ज्यादा खिताबों को छापकर, ज्ञान को दुनिया के कोने-कोने तक फैलाया जा सका |

4 : Gunpowder (बारूद)  

गन पाउडर की खोज चीन में alchemists द्वारा मध्य से लेकर नौवीं शताब्दी के अंतिम समय के दौरान की गयी थी | मजे की बात यह है की, इसकी खोज गलती से तब हो गयी, जब alchemists जीवन को लम्बा करने वाले अमृत की खोज कर रहे थे | फलस्वरूप, अमृत की जगह उनके हाथो जीवन को ख़त्म करने वाला तत्व बन गया | हमारे पास “सोंग राजवंश” के समय के हस्तलिपि मौजूद है, जिसमे इस बारूद को बनाने की विधि का उल्लेख किया गया था | 

man with canon

इसे बनाने के लिए लकड़ी का कोयले, नमक और सल्फर का इस्तेमाल किया जाता था | ऐसा देखा गया की इन सारी चीजों को एक निर्धारित मात्रा में एक साथ मिलाने पर काफी तेज धमाका हो सकता है | और आगे चलकर यह हथियारों को बनाने में काफी काम आया, जैसे की “fire rocket” जो दुश्मनों के खेमे में तबाही मचा देती थी | इस तरह बारूद की invention ने जंग लड़ने के तरीके को हमेशा के लिए बदल कर रख दिया, और इसने जंग को और ज्यादा खूनी बना दिया |  

आगे चलकर दुनिया भर के अलग-अलग देशों ने बारूद का इस्तेमाल करके कई सारे खतरनाक हथियारों का निर्माण किया और शायद ये ऐसी अकेली चीज़ है, जिसके कारण आजतक करोड़ो लोगों की जान जा चुकी है |

5 : Compass (दिशा सूचक यंत्र)

कम्पास को पहली बार हान साम्राज्य के समय चीन में बनाया गया था | इसमें एक चुंबक का इस्तेमाल किया जाता था, जिसे एक चम्मच के आकार में उकेरा गया था | यह चुंबक हमेशा दक्षिण की ओर इशारा करता था, जिसकी मदद से बाकी दिशाओ का पता लगाया जा सकता था | इसे एक कांसे की थाली पर रखा जाता था, और यह पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र की मदद से काम करता था |

compass with map

शुरुआती समय में compass का इस्तेमाल दिशा को खोजने के लिए नही किया जाता था, बल्कि इसे लोगों के जीवन में सामंजस्य, सद्भाव और मन की शांति की स्थापित करने के लिए इस्तेमाल किया जाता था | ऐसा माना जाता था की, पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र की मदद से मन को अटूट शांति का अहसास करवाया जा सकता है | सोंग साम्राज्य के समय पानी के जहाजों में पत्तों के ऊपर चुंबकीय सुई को रख कर compass तैयार किया जाता था | इन पत्तों को पानी के ऊपर रखा जाता था, और यह हमेशा उत्तर दिशा की ओर इशारा करते थे |  

कंपास के invention और इस्तेमाल से दुनिया भर के नाविकों को समुद्र में सही दिशा का अंदाज़ा लगाने में काफी ज्यादा मदद मिली | फलस्वरूप दुनिया में काफी नए जगहों को खोजा गया और मानव ने अपनी बस्तियों को नए अनदेखे जगहों पर बसाना शुरु कर दिया, जिसने हमारे इतिहास को हमेशा के लिए बादल कर रख दिया |  

आशा करता हूं कि आज आपलोंगों को कुछ नया सीखने को ज़रूर मिला होगा। अगर आज आपने कुछ नया सीखा तो हमारे बाकी के आर्टिकल्स को भी ज़रूर पढ़ें ताकि आपको ऱोज कुछ न कुछ नया सीखने को मिले, और इस articleको अपने दोस्तों और जान पहचान वालो के साथ ज़रूर share करे जिन्हें इसकी जरूरत हो। धन्यवाद।


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